फर्जी सर्टिफिकेट से देवेंद्र प्रताप बन गया शिक्षक, जांच के क्रम में धराया

बक्सर अप टू डेट न्यूज़ :- जिले में फर्जी प्रमाण पत्रों के सहारे नियोजन कराने वालों पर शिक्षा विभाग काफी सख्त दिख रहा है| फर्जी व स्कैन कॉपी के आधार पर नियोजन कराने वाले चिह्नित 121 अभ्यर्थियों को तीन दिनों में सत्यापन को लेकर समय निर्धारित किया गया है| जाँच के लिए मंगलवार को कुल 52 अभ्यर्थियों को बुलाया गया जिसमें कुल सात अभ्यर्थी ही शामिल हुए|

med bed buxar copy
विज्ञापन

इनमें ब्रह्मपुर नियोजन इकाई में फर्जी नाम से नियोजन की मेधा सूची में जगह पाने वाले अभ्यर्थी पर नगर थाने में एफआइआर दर्ज करायी गयी है|  सत्यापन कराने के लिए नहीं पहुंचने वाले अभ्यर्थियों पर भी कारवाई को लेकर तैयारी की जा रही है|

फर्जी तरीके से नियोजन कराने वालों में दहशत का माहौल कायम हो गया है| जाँच के क्रम में दूसरे के सर्टिफिकेट पर अपना नाम बदल शिक्षक बनने वाला देवेंद्र प्रताप सर्टिफिकेट जांच के दौरान फर्जी साबित हो गया| बक्सर मित्रलोक कॉलोनी निवासी देवेंद्र प्रताप अपना नाम छुपा विनय कुमार पिता विश्राम प्रसाद के नाम से ब्रह्मपुर प्रखंड नियोजन इकाई अंतर्गत सामान्य विषय में नियोजन में अपना काउंसलिंग बखूबी करा लिया था।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button